आवारा पशुओं पर निगम ने नहीं लगाया लगाम, पाराशर ने दायर की हाईकोर्ट में याचिका

फरीदाबाद, 27 अगस्त। हरियाणा सरकार के आदेश के बाद भी फरीदाबाद की सडक़ों पर अब भी सैकड़ों आवारा पशु घूम रहे हैं और लोग दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं जिसे लेकर बार एसोशिएशन के पूर्व प्रधान एवं न्यायिक सुधार संघर्ष के अध्यक्ष एडवोकेट एलएन पराशर ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में कई विभागों के अधिकारियों के खिलाफ याचिका दायर की है। वकील पराशर ने इस याचिका सिविल सेक्रेटरी हरियाणा, पशु और डेयरी सचिव हरियाणा, पशु विभाग फरीदाबाद, नगर निगम कमिश्नर फरीदाबाद को पार्टी बनाया है। वकील पाराशर ने बताया कि मैंने कई बार शिकायत की कि शहर में आवारा पशुओं ने सडक़ों पर तांडव मचा रखा है लेकिन नगर निगम कोई कार्यवाही नहीं करता। उन्होंने कहा कि मैंने आरटीआई के माध्यम से जानकारी भी माँगी तो नगर निगम ने जबाब दिया कि दो साल में किसी पर भी निगम ऐक्ट के तहत कार्यवाही नहीं की गई। पाराशर ने कहा कि शहर में सैकड़ों ऐसे डेयरी मालिक हैं जो दूध निकालकर सुबह अपने पशुओं को सडक़ो पर छोड़ देते है लेकिन अब तक किसी भी डेयरी मालिक पर कोई कार्यवाही नहीं की गई। उन्होंने कहा कि बाईपास रोड हो या नेशनल हाइवे या शहर की अन्य सडक़ें, हर जगह आवारा पशु दिखाई पड़ते है और उनमे से अधिकतर पशु आवारा नहीं हैं। इनके मालिक हैं और इनके मालिक जानबूझकर इन्हे सडक़ो पर छोड़ देते हैं। वो इन्हे सिर्फ दूध निकलने तक अपने पास रखते हैं। पाराशर ने कहा कि मैंने नगर निगम से लेकर डीसी फरीदाबाद और सीएम हरियाणा तक के पास शिकायत भेजी लेकिन किसी ने आवारा पशुओं पर लगाम लगाने का प्रयास नहीं किया इसलिए मजबूरन हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ा। पाराशर ने कहा कि कुछ डेयरी वाले गायो के हत्या कर रहे हैं। वो दूध निकाल गायों को सडक़ पर पोलोथीन खाने भेज देते हैं जिस कारण सैकड़ों गाय पोलोथीन खाकर बीमारी से मर चुकी है इसलिए ऐसे लोगो पर तुरंत कार्यवाही की जाए।